मथुरा। पुष्टिमार्गीय संप्रदाय के ठाकुर द्वारकाधीश मंदिर में आज शुक्रवार से सावन महीने में होने वाली घटाओं के दर्शनों की परंपरा की शुरुआत हो गई है। अभी तक हिंडोलों के दर्शन हो रहे थे। अब भक्तों को घटाओं के बीच आराध्य द्वारकाधीश महाराज के दर्शन होंगे। पूरे साल इंतजार के बाद ठाकुरजी के विशेष दर्शनों के लिए पहले दिन बड़ी संख्या में भक्त मंदिर आए।
मंदिर के मीडिया प्रभारी राकेश तिवारी एडवोकेट ने बताया कि मंदिर के सभी कार्यक्रमों का निर्धारण मंदिर के गोस्वामी बृजेश कुमार महाराज के द्वारा किया जाता है और उसका सफल निर्देशन मंदिर के गोस्वामी कांकरौली युवराज डॉ वागीश कुमार द्वारा किया जाता है।

उन्होंने बताया कि आज तेरस के दिन केसरी घटा का आयोजन मंदिर के जगमोहन में हुआ। मंदिर के जगमोहन को संपूर्ण केसरी वस्तुओं से सजाया गया। गाय घोड़े बंदर आदि सभी से भावनात्मक रूप से ठाकुर जी को बाहर के मौसम की अनुभूति कराई गई।
राकेश तिवारी एडवोकेट ने बताया कि घटाओं के कार्यक्रम तिथि के हिसाब से होंगे और घटाओं से तात्पर्य है कि ठाकुर जी को बाहर के मौसम की अनुभूति कराना क्योंकि पुष्टिमार्गीय संप्रदाय में ठाकुर जी की सेवा का जो स्वरूप है वह बालस्वरूप है इसलिए पुष्टिमार्ग संप्रदाय में घटाओं का आयोजन होता है।
यह क्रम निरंतर जारी रहेगा और कल सायंकाल भोग संध्या आरती में 5:15 से 5:45 हिडोला का कार्यक्रम होगा और फूल पत्ती का हिंडोला बनेगा और कल से सायंकाल 4:00 बजे से 4:20 तक उत्थापन के दर्शन खुलेंगे और उसके बाद भोग संध्या आरती और 6:30 बजे से 7:30 बजे तक शयन के दर्शन होंगे।